CBSE 10th Board Exam 2026 : नया पैटर्न और छात्रों के लिए बड़ा अपडेट, पड़े पूरी जानकारी

CBSE 10th Board Exam 2026: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 2026 की 10वीं बोर्ड परीक्षा को लेकर बड़ा फैसला कर दिया है। अब छात्र एक नहीं बल्कि दो बार बोर्ड परीक्षा देने का मौका पाएंगे। यह देश में पहली बार होगा जब 10वीं की परीक्षा Phase-1 (अनिवार्य) और Phase-2 (सुधार हेतु वैकल्पिक) तरीके से आयोजित की जाएगी।

कब होगी CBSE 10th Board Exam 2026?

जानकारी विवरण
Phase-1 परीक्षा शुरू 15 से 20 फरवरी 2026 (संभावित)
Phase-1 परीक्षा समाप्ति मार्च के पहले हफ्ते तक
Phase-2 सुधार परीक्षा 15 मई से 1 जून 2026 तक
परीक्षा समय सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक
मोड ऑफलाइन (पेन-पेपर)

CBSE ने क्या कहा?

CBSE अधिकारियों के अनुसार, नया सिस्टम National Education Policy 2020 के तहत लागू किया जा रहा है, ताकि छात्रों पर परीक्षा का दबाव कम हो और उन्हें बेहतर परिणाम पाने का एक और मौका मिल सके।

क्या होगा नया नियम?

  • पहली परीक्षा (Phase-1) सबके लिए अनिवार्य होगी।
  • अगर कोई छात्र अपने अंकों से संतुष्ट नहीं है, तो वह Phase-2 में सुधार परीक्षा दे सकता है।
  • दोनों में से सबसे बेहतर मार्क्स को ही फाइनल रिजल्ट में शामिल किया जाएगा।
  • अंकतालिका (Marksheet) में दोनों प्रयासों का जिक्र नहीं होगा, सिर्फ Best Score दिखाया जाएगा।

क्यों लिया गया यह बड़ा फैसला?

  • छात्रों के ऊपर एक ही परीक्षा में सबकुछ साबित करने का दबाव खत्म होगा।
  • बच्चों को Stress-Free और Flexible Board Exam System मिलेगा।
  • यह मॉडल बिल्कुल उसी तरह है जैसे JEE, NEET जैसे exams में दो प्रयास मिलते हैं।
  • नई शिक्षा नीति (NEP) का स्पष्ट संदेश — “सिर्फ परीक्षा नहीं, सीखने का अवसर ज्यादा महत्वपूर्ण है।

छात्रों और अभिभावकों की प्रतिक्रिया

दिल्ली की छात्रा आकांक्षा ने कहा: अब अगर किसी वजह से फरवरी में पेपर खराब हो जाए, तो मई में एक और मौका मिलेगा। यह हमारे लिए राहत की बात है।”

कानपुर के एक अभिभावक ने कहा: बच्चों का तनाव कम होगा, लेकिन साल में दो बार परीक्षा का दबाव संभालने की तैयारी स्कूलों को भी करनी होगी।

CBSE 10th Board Exam 2026 तैयारी कैसे करें?

CBSE ने छात्रों को सलाह दी है कि वे Phase-1 को ही मुख्य परीक्षा मानकर तैयारी शुरू करें।

  • रोजाना कम से कम 5–6 घंटे पढ़ाई करे।
  • NCERT Books + Sample Papers को प्राथमिकता दें।
  • हर रविवार रीविजन टेस्ट दें।
  • अगर Phase-2 की तैयारी करनी पड़े तो कमजोर विषयों पर फोकस और समय प्रबंधन करें।
  • प्रैक्टिकल और इंटरनल मार्क्स (20 Marks) को हल्के में न ले।

FAQs – छात्रों के सबसे आम सवाल

क्या केवल Phase-2 में ही परीक्षा दे सकते हैं?

नहीं, Phase-1 देना सभी छात्रों के लिए जरूरी है।

क्या दोनों परीक्षाओं के मार्क्स मर्ज होंगे?

नहीं, केवल सर्वश्रेष्ठ (Best) मार्क्स को ही रिजल्ट में जोड़ा जाएगा।

क्या यह नियम सिर्फ 2026 से लागू होगा?

जी हां, यह नियम 2026 से स्थाई रूप से लागू किया गया है।

क्या दोनों पेपरों का syllabus अलग होगा?

नहीं, syllabus एक ही रहेगा — CBSE NCERT पाठ्यक्रम के अनुसार।

निष्कर्ष — छात्रों के लिए सुनहरा मौका!

CBSE 10th Board Exam 2026 सिर्फ एक परीक्षा नहीं बल्कि एक नई व्यवस्था की शुरुआत है। अब छात्रों को मिलेगा दूसरा मौका – बेहतर परिणाम का अवसर। अगर आप अभी से तैयारी शुरू करते हैं, अपना टाइम-टेबल बनाते हैं और लगातार पढ़ाई करते हैं, तो 90% से ज़्यादा स्कोर करना मुश्किल नहीं होगा।

Leave a Comment